आगरा में किसानों को गुणवत्तापूर्ण उर्वरक उपलब्ध कराने और खाद की कालाबाजारी, जमाखोरी तथा अधिक कीमत वसूली पर रोक लगाने के लिए प्रशासन ने जिलेभर में विशेष निरीक्षण अभियान चलाया।जिलाधिकारी मनीष बंसल के निर्देश पर गठित टीमों ने सदर, किरावली, बाह, खेरागढ़, एत्मादपुर और फतेहाबाद तहसीलों में खाद-बीज की दुकानों और गोदामों पर आकस्मिक छापेमारी की।निरीक्षण के दौरान कई उर्वरक विक्रेताओं के प्रतिष्ठानों की जांच की गई और कुल 16 उर्वरक नमूने लेकर उन्हें परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजा गया।प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि जांच में कोई भी नमूना मानकों के अनुरूप नहीं पाया गया, तो संबंधित विक्रेता के खिलाफ उर्वरक नियंत्रण आदेश के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।साथ ही सभी खाद विक्रेताओं को निर्देश दिए गए हैं कि किसानों को उनकी जोत के अनुसार, आधार कार्ड और खतौनी के आधार पर निर्धारित मात्रा में और तय सरकारी दर पर ही उर्वरक उपलब्ध कराएं। किसी भी प्रकार की टैगिंग, जमाखोरी या अधिक कीमत वसूलने की शिकायत मिलने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।प्रशासन का कहना है कि किसानों के हित में यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।

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