आगरा सूरसदन प्रेक्षागृह में विकसित भारत–जी राम जी अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन और ग्रामीण आजीविका को मजबूत करने के उद्देश्य से जिला स्तरीय कार्यशाला एवं पंच सम्मेलन आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ जिलाधिकारी मनीष बंसल, मुख्य विकास अधिकारी प्रतिभा सिंह और जनपद के ब्लॉक प्रमुखों ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया।कार्यशाला में पंचायत प्रतिनिधियों, अधिकारियों और कर्मचारियों को नई व्यवस्था के प्रावधानों, तकनीकी प्रक्रिया और कार्ययोजना तैयार करने की जानकारी दी गई। जिलाधिकारी मनीष बंसल ने कहा कि ग्राम पंचायतों की स्थानीय जरूरतों के अनुसार दीर्घकालीन कार्ययोजना तैयार की जाए, ताकि गांवों में स्थायी परिसंपत्तियों का निर्माण हो और ग्रामीणों की आजीविका के अवसर भी बढ़ें।जिलाधिकारी ने जल संरक्षण, ग्रामीण अवस्थापना, आजीविका संवर्धन तथा जलवायु परिवर्तन और प्रतिकूल मौसम से निपटने वाले कार्यों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को ग्राम पंचायत स्तर तक पहुंचाने में पंचायत प्रतिनिधियों और अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका है।कार्यशाला में बताया गया कि नई व्यवस्था के तहत ग्रामीण परिवारों के लिए रोजगार की गारंटी 100 दिन से बढ़ाकर 125 दिन की गई है। साथ ही मजदूरी की नई दर 300 रुपये प्रतिदिन निर्धारित किए जाने की जानकारी दी गई। रोजगार उपलब्ध न होने की स्थिति में बेरोजगारी भत्ता और मजदूरी भुगतान में देरी होने पर मुआवजे का भी प्रावधान बताया गया।प्रतिभागियों को जीआईएस आधारित योजना, पीएम गतिशक्ति पोर्टल, पारदर्शिता, सामाजिक अंकेक्षण और शिकायत निवारण सहित विभिन्न व्यवस्थाओं की जानकारी दी गई। बेहतर निगरानी और पारदर्शी कार्यप्रणाली के लिए कृत्रिम बुद्धिमत्ता, बायोमेट्रिक और फेस रीडिंग जैसी आधुनिक तकनीकों के उपयोग के बारे में भी बताया गया।कार्यशाला में अधिकारियों ने बताया कि ग्राम पंचायत स्तर पर जल संरक्षण, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका संवर्धन और जलवायु अनुकूल कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। साथ ही विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय और कार्यों में दोहराव रोकने के लिए तकनीकी प्लेटफॉर्म के उपयोग पर भी जोर दिया गया।कार्यक्रम में उपायुक्त मनरेगा रामायण सिंह यादव, परियोजना निदेशक डीआरडीए रेणु कुमारी, खंड विकास अधिकारी, पंचायत सचिव, तकनीकी सहायक, ग्राम रोजगार सेवक, ग्राम प्रधान और बड़ी संख्या में पंचायत प्रतिनिधि मौजूद रहे। संवाददाता: राम माहौर








