आगरा।उत्तर प्रदेश सरकार के पंचायतीराज विभाग ने ग्राम पंचायतों को सशक्त, आत्मनिर्भर और बेहतर विकास की दिशा में प्रोत्साहित करने के लिए एक बड़ी पहल की है। प्रदेश में पहली बार “मुख्यमंत्री 10 विशेष पुरस्कार” योजना शुरू की गई है। इस योजना के तहत उत्कृष्ट कार्य करने वाली चयनित ग्राम पंचायतों को प्रत्येक को 50 लाख रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की जाएगी।जिला पंचायत राज अधिकारी मनीष कुमार ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मंशा के अनुरूप शुरू की गई इस योजना में ग्राम पंचायतों के उत्कृष्ट कार्यों के आधार पर कुल 10 श्रेणियां निर्धारित की गई हैं।इनमें घर-घर कचरा संग्रह करने वाली ग्राम पंचायत, स्वयं की आय यानी OSR सृजित करने वाली ग्राम पंचायत, कॉमन सर्विस सेंटर के माध्यम से सार्वजनिक सेवाएं उपलब्ध कराने वाली ग्राम पंचायत, “मेरा तालाब मेरी योजना” में बेहतर कार्य करने वाली ग्राम पंचायत और आधार केंद्रों के माध्यम से सेवाएं देने वाली ग्राम पंचायत शामिल हैं।इसके अलावा तरल अपशिष्ट प्रबंधन, प्लास्टिक मुक्त एवं प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन, पर्यावरण संरक्षण एवं जैव विविधता संवर्धन, महिला नेतृत्व एवं सहभागिता तथा सतत जैविक कृषि के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली ग्राम पंचायतों को भी इस योजना के तहत पुरस्कार के लिए चयनित किया जाएगा।योजना के लिए पात्र ग्राम पंचायतें 15 सितंबर से 30 सितंबर 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकती हैं। आवेदन के लिए पंचायतीराज विभाग के निर्धारित पोर्टल cmawards.upprd.in का उपयोग किया जाएगा।जिला पंचायत राज अधिकारी ने सभी ग्राम प्रधानों से अपील की है कि वे अपनी ग्राम पंचायत द्वारा किए गए उत्कृष्ट कार्यों के आधार पर अधिक से अधिक संख्या में आवेदन करें और इस पुरस्कार योजना का लाभ उठाएं।इस पहल का उद्देश्य प्रदेश की ग्राम पंचायतों में बेहतर विकास, स्वच्छता, डिजिटल सेवाओं, पर्यावरण संरक्षण, महिला सहभागिता और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देते हुए उन्हें मॉडल ग्राम पंचायत के रूप में विकसित करना है।





