आगरा में जिलाधिकारी श्री मनीष बंसल की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में आईजीआरएस एवं मुख्यमंत्री हेल्पलाइन पर प्राप्त शिकायतों की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में जिलाधिकारी ने शिकायतों के गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध निस्तारण को लेकर अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए।जिलाधिकारी ने कहा कि प्रत्येक शिकायतकर्ता से शत-प्रतिशत फोन पर संपर्क किया जाए और जरूरत पड़ने पर अधिकारी मौके पर जाकर फील्ड विजिट के माध्यम से शिकायत का वास्तविक समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि संतुष्टि प्रतिशत 80 फीसदी से कम और कॉलिंग प्रतिशत 100 फीसदी से कम नहीं होना चाहिए।समीक्षा के दौरान कई विभागों की अपलोड की गई आख्या में कमियां और अस्पष्टता पाए जाने पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों से जवाब तलब किया। उन्होंने निर्देश दिया कि विभागाध्यक्ष स्वयं आख्या को पढ़कर और हस्ताक्षर करने के बाद ही उसे पोर्टल पर अपलोड कराएं। साथ ही हस्तलिखित आख्या के बजाय स्पष्ट रूप से टाइप की गई आख्या अपलोड करने के निर्देश दिए।जिलाधिकारी ने कहा कि नाली, सड़क, खड़ंजा, पेयजल, विद्युत और स्वास्थ्य जैसी समस्याएं यदि उपलब्ध बजट से हल की जा सकती हैं तो केवल कागजी कार्रवाई न करते हुए मौके पर काम पूरा कराया जाए। उन्होंने अधिकारियों को प्रतिदिन आईजीआरएस प्रकरणों की समीक्षा करने और शिकायतकर्ताओं की संतुष्टि सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।डीएम ने चेतावनी दी कि शिकायतों का गलत या औपचारिक निस्तारण किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि किसी अधिकारी या विभाग की लापरवाही से आईजीआरएस की रैंकिंग प्रभावित होती है, तो जिम्मेदारी तय करते हुए विभागीय और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।बैठक में मुख्य विकास अधिकारी श्रीमती प्रतिभा सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, उप जिलाधिकारी, तहसीलदार और बीडीओ मौजूद रहे।





