आगरा। उत्तर प्रदेश सरकार के उच्च शिक्षा मंत्री एवं आगरा दक्षिण विधानसभा क्षेत्र से विधायक योगेंद्र उपाध्याय के जीवन संघर्ष, सामाजिक सरोकार और जनसेवा की यात्रा पर आधारित बायोग्राफी फिल्म का रविवार को भव्य विमोचन किया गया। पंचकुइयां स्थित माथुर वैश्य भवन सभागार में आयोजित कार्यक्रम में प्रदेश सरकार की कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य और उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर एवं बटन दबाकर फिल्म का शुभारंभ किया।
करीब 45 मिनट की इस बायोग्राफी फिल्म में योगेंद्र उपाध्याय के छात्र जीवन से लेकर सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्र में सक्रिय भूमिका तथा जनसेवा तक के सफर को प्रस्तुत किया गया है। फिल्म में उनके संघर्ष, समर्पण, त्याग और विकास कार्यों से जुड़े पहलुओं को भी शामिल किया गया है।
फिल्म के प्रदर्शन के दौरान सभागार में बड़ी संख्या में शहर के गणमान्य नागरिक, संत-महंत, प्रबुद्धजन, भाजपा कार्यकर्ता और क्षेत्रीय लोग मौजूद रहे। फिल्म के मुख्य थीम सॉन्ग “योगेंद्र उपाध्याय जैसे जननेता आते हैं युगों-युगों में…” के दौरान सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
संघर्ष और सेवा को किया गया प्रस्तुत
आगरा के फिल्म निर्माता एवं निर्देशक रंजीत सामा के निर्देशन में तैयार की गई इस बायोग्राफी फिल्म में योगेंद्र उपाध्याय के छात्र जीवन के संघर्षों और सामाजिक जीवन से जुड़े विभिन्न पहलुओं को दिखाया गया है। फिल्म में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े उनके अनुभवों, विचारधारा के प्रति समर्पण और आगरा की जनता के बीच उनकी सक्रियता को भी स्थान दिया गया है।
आरए मूवीज के बैनर तले बनी इस फिल्म में रंजीत सामा, विजय सामा, मुंबई के कलाकार हेमंत कुमार वर्मा, आगरा के संजय दुबे, आशीष कुलश्रेष्ठ सहित कई स्थानीय कलाकारों ने अपनी आवाज और अभिनय के माध्यम से योगदान दिया है।
“यह मेरे जीवन की नहीं, हर कार्यकर्ता के संघर्ष की कहानी है”
फिल्म के विमोचन के बाद योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि यह फिल्म केवल उनके व्यक्तिगत जीवन का दस्तावेज नहीं है, बल्कि उन कार्यकर्ताओं और जनता के संघर्ष की कहानी है, जिन्होंने उन्हें आगे बढ़ने की प्रेरणा दी।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से मिले संस्कारों ने उन्हें ‘स्व’ से ऊपर उठकर समाज के लिए काम करने की प्रेरणा दी। उन्होंने आगरा दक्षिण की जनता को अपना परिवार बताते हुए कहा कि वे आगे भी क्षेत्र के विकास और जनकल्याण के लिए निरंतर प्रयास करते रहेंगे।
बेबी रानी मौर्य ने की सराहना
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री बेबी रानी मौर्य ने योगेंद्र उपाध्याय के जीवन और सार्वजनिक जीवन में उनकी भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि जमीन से उठकर प्रदेश सरकार में मंत्री पद तक पहुंचने का उनका सफर युवाओं के लिए प्रेरणादायक है।
उन्होंने कहा कि यह फिल्म युवा पीढ़ी को संघर्ष, निष्ठा और सिद्धांतों के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा देगी।
संत-महंत और गणमान्य लोगों ने दी शुभकामनाएं
कार्यक्रम के दौरान माथुर वैश्य भवन सभागार में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। शहर के संतों, प्रबुद्धजनों और गणमान्य नागरिकों ने योगेंद्र उपाध्याय को शॉल एवं स्मृति चिह्न भेंट कर शुभकामनाएं दीं। फिल्म के निर्देशक रंजीत सामा और उनकी टीम को भी दर्शकों ने सम्मानित किया।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने फिल्म को योगेंद्र उपाध्याय के सार्वजनिक जीवन और उनके संघर्षों को प्रस्तुत करने वाला प्रयास बताया।
कार्यक्रम में महंत निर्मल गिरी, लंगड़े की चौकी हनुमान मंदिर के महंत गोपी गुरु, डॉ. अलौकिक उपाध्याय, भाजपा नेता दीपक खरे, रूबी सहगल, विपिन करीरा, रमन साहनी, प्रमोद वर्मा, अर्पित वर्मा, मयंक जैन, डॉ. निष्ठा शर्मा, ओम प्रकाश चलनी वाले, प्रमोद गुप्ता, अश्वनी शर्मा, आदेश सिंघल, देवेश पचौरी, राजू कुशवाहा, राजेश प्रजापति, धीरज जैन और धीरज कोहली सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
कार्यक्रम का संचालन शहर के प्रमुख संचालक रीनेश मित्तल ने किया।





